विशाखापत्तनम NAF कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल हुए शामिल: गायत्री गायग्वल बनीं आंध्र प्रदेश जांच समिति की अध्यक्ष…

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‘राष्ट्रीय मछुआरा संघ’ की संगोष्ठी में समाज को आगे बढ़ाने और नीतियो में प्राथमिकता देने पर हुआ गहन मंथन

विशाखापत्तनम/गंगावरम: आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम स्थित उक्कु कल्याण वेदिका में ‘राष्ट्रीय मछुआरा संघ’ (NAF) द्वारा एक दिवसीय भव्य जागरूकता संगोष्ठी एवं वरिष्ठ नेताओं का अभिनंदन समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस राष्ट्रीय स्तरीय कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य देश और प्रदेशों में मछुआरा समाज को सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक रूप से आगे बढ़ाना तथा उनके अधिकारों की रक्षा करना था। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल ने विशेष रूप से शिरकत कर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई।

प्रभु श्री रामचंद्र की पूजा से भव्य शुरुआत

कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ प्रभु श्री रामचंद्र जी के तैलचित्र पर पूजा-अर्चना और दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। इसके पश्चात देश के विभिन्न राज्यों से आए प्रदेश अध्यक्षों और प्रतिनिधिमंडलों का पारंपरिक रूप से आत्मीय स्वागत किया गया।

इस भव्य जागरूकता संगोष्ठी में राष्ट्रीय मछुआरा संघ (NAF) छत्तीसगढ़ का नेतृत्व प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती गायत्री गायग्वल ने किया। प्रतिनिधिमंडल में मुख्य रूप से छत्तीसगढ़ प्रदेश महासचिव ओम प्रकाश धीवर, युवा प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष सुरेश ढीमर और वरिष्ठ सदस्य हेमंत धीवर शामिल हुए, जिन्होंने छत्तीसगढ़ के मछुआरा समाज की आवाज को राष्ट्रीय मंच पर बुलंद किया। इस संगोष्ठी में NAF के कई राज्यों के प्रदेश अध्यक्ष और आंध्र प्रदेश से बड़ी संख्या में मछुआरा समाज के लोग शामिल हुए।

समाज को आगे बढ़ाने और अधिकारों पर गहन चर्चा

संगोष्ठी के दौरान मछुआरा समुदाय के अधिकारों, उनके विकास और उन्हें मुख्यधारा में आगे बढ़ाने से जुड़े गंभीर मुद्दों पर विस्तृत मंथन हुआ। बैठक में मुख्य रूप से निम्नलिखित मांगों और रणनीतियों पर जोर दिया गया:

  • व्यवसाय में प्राथमिकता: सरकार की नीतियों और नियमों के तहत पारंपरिक मछुआरा समाज को मछली पकड़ने के व्यवसाय में पहली प्राथमिकता दी जानी चाहिए, ताकि समाज आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर हो सके।

  • अधिकार क्षेत्र और सुरक्षा: मछुआरा समाज को अपने पारंपरिक अधिकार क्षेत्र के तहत मछली पालन करने और समुद्र में जाकर सुरक्षित रूप से मछली पकड़ने की पूरी स्वतंत्रता और कानूनी अधिकार मिले।

छत्तीसगढ़ की गायत्री गायग्वल को मिली आंध्र प्रदेश की कमान

बैठक में सर्वसम्मति से एक बेहद महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक निर्णय लिया गया। छत्तीसगढ़ में मछुआरा समाज को आगे बढ़ाने और संगठन को मजबूत करने में किए जा रहे बेहतरीन कार्यों को देखते हुए, NAF छत्तीसगढ़ की प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती गायत्री गायग्वल जी को आंध्र प्रदेश राज्य की ‘प्रदेश जांच समिति’ का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। उनकी इस राष्ट्रीय स्तर की नियुक्ति पर छत्तीसगढ़ के प्रतिनिधिमंडल और राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने हर्ष व्यक्त किया।

मंच से गूंजा एकजुटता का संदेश: “संगठित समाज, मजबूत समाज”

छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती गायत्री गायग्वल ने मंच से समाज को आगे बढ़ने के लिए “संगठित समाज, मजबूत समाज” का मूलमंत्र दिया। उन्होंने समाज के उत्थान के लिए शिक्षा, जागरूकता और एकजुटता पर विशेष बल दिया और मछुआरा समुदाय को उनके कानूनी व सामाजिक हक-अधिकारों के प्रति विस्तार से जागरूक किया। इसके साथ ही, उन्होंने इस भव्य कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए आंध्र प्रदेश राष्ट्रीय मछुआरा संघ के प्रदेश अध्यक्ष अप्पाल राजू को बधाई दी और उपस्थित जनसमुदाय का साधुवाद व्यक्त किया।

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